माल संचालन

Material Handling

माल संचालन के नियम

  • व्‍यर्थ की विधियों को हटाना :
    • माल के संचालन की आवृत्ति को कम से कम करना ।
    • अनावश्‍यक मिश्रण व बाद में छंटाई का काम खतम करना ।
    • माल के अंतकण में यांत्रिकी सहायता लेना, जिससे हस्‍त श्रम को समाप्‍त किया जा सके ।
    • फ्लोर से कार्यस्‍थल पर या कंटेनरों के बीच में माल के अनावश्‍यक अंतरण से बचना। 
    • संचालन की गति बढाना । 
    • कंटेनरों व इकाई के भार का उपयोग करना ।
    • जहां भी व्‍यवहार्य हो, गुरुत्‍व का उपयोग अपने पक्ष में करना ।
    • माल संचालन योजना में स्‍वचालन को आरंभ करना ।

 

  • प्‍लांट लगाने में :
    • माल के प्रवाह हेतु प्रणाली तैयार करना व यथासंभव संचालन को प्रसंस्‍करण के साथ संयोजित करना । 
    • माल के सतत अथवा उपयुक्‍त अंतराल पर प्रवाह की व्‍यवस्‍था हो ।
    • परिचालनों में माल के वैकल्पिक प्रवाह की व्‍यवस्‍था, जिसमें कम से कम पश्‍चगामी प्रवाह हो ।
    • कार्यस्‍थल क्षेत्र का लेआउट इस प्रकार बनाना कि माल का संचालन कम से कम हो।
    • संचालित भार की गुणवत्‍ता व आकार को बढाना ।
    • पूरे प्‍लांट में, माल के समग्र संचालन में समन्‍वय ।
    • सुरक्षित संचलन व सुरक्षित उपकरण की व्‍यवस्‍था एवं प्रबंध सूचना व नियंत्रण प्रणाली के साथ समेकन ।
    • पर्याप्‍त प्राप्ति, भंडारण व परिवहन सुविधाओं की योजना बनाना ।
    • भवन के घनत्‍व का अधिकतम उपयोग ।    
    • पर्याप्‍त गलियारों व पहुंच क्षेत्रों का डिजाइन बनाना ।  
  • माल संचालन उपकरण का चयन व उपयोग में
    • नए उपकरण के क्रय से पूर्व गतिविधियों की योजना बनाना व उपकरण जरूरतों का विश्‍लेषण करना ।
    • सुनिश्चित करें कि मौजूदा उपकरण प्रभावी रूप से उपयोग किए जाएं ।
    • सरलतम उपकरण का उपयोग करें जो समस्‍या के अनुकूल बनने योग्‍य हो । जटिल यांत्रिकी व नियंत्रणों के उपयोग से बचें ।
    • यदि संभव हो, तो मानक उपकरण अपनाएं । सुनिश्चित करें कि विशेष उपकरणों का क्रय आर्थिक रूप से उचित हो ।
    • ऐसा उपकरण चुनें, जो उपयोग में लचीला हो,
    • ऐसा उपकरण चुनें जो मोबाइल उपकरण भारी वजनों का पे लोड से अनुपात को बढाए ।
    • क्रय से पूर्व उपकरण की तुलनात्‍मक लागत पता लगाएं ।
    • अलग कार्यों हेतु अलग उपकरणों की जरूरत को समझें ।
    • उपकरण हेतु भवन की उपयुक्‍त हालत की उपलटधता की जरूरत समझें ।
    • आपातकाल में उपयोग हेतु वैकल्पिक विधियों की तैयारी रखें ।
    • उपकरण के रखरखाव पर ध्‍यान दें ।
    • पुरानी विधियां व उपकरणों के स्‍थान पर अधिक दक्ष उपकरणों का उपयोग करें ।

 माल संचालन उपकरण 

माल संचालन उपकरणों के आम प्रकार हैं ; कंवेयर, मोनोरेल, हॉइस्‍ट व क्रेन, औद्योगिक ट्रक, कंटेनरव सर्पोटर, सहायक व अन्‍य उपकरण । माल संचालन उपकरण के चयन को प्रभावित करने वाले कारक निम्‍नवत हैं ;

  • अनुकूलता : उपकरण की लोड वहन व चलने की विशेषताएं माल संचालन की समस्‍या के अनुकूल होनी चाहिए ।
  • लचीलापन : यथासंभव उपकरणों को एक से अधिक तरह के माल संचालन करने चाहिए, न कि किसी विशेष प्रकार या आकार के । 
  • भार क्षमता : चयनित उपकरण में उच्‍च भार वहन क्षमता होनी चाहिए, ताकि कार्य प्रभावी रूप से किया जा सके, किंतु यह अधिक बड़ा भी न हो, जिससे संचालन लागतें बढ जाऐं ।
  • शक्ति :  कार्य करने हेतु पर्याप्‍त शक्ति उपलब्‍ध होनी चाहिए ।  
  • गति : उत्‍पादन प्रक्रिया व प्‍लांट की सुरक्षा को ध्‍यान में रखकर, माल के संचालन की तीव्रता पर विचार किया जाना चाहिए । 
  • अपेक्षित स्‍थान : माल संचालन उपकरण को स्‍थापित करने या कार्य करने में लगने वाली जगह इसके चयन का एक प्रमुख कारक है । अपेक्षित पर्यवेक्षण : उपकरण चयन के मामले में, इससे तात्‍पर्य उपकरण की स्‍वचालकता की मात्रा से है ।
  • रखरखाव में आसानी : चयनित उपकरण का रखरखाव उचित लागत पर होना चाहिए ।  
  • पर्यावरण : चयनित उपकरण को पर्यावरण संबंधी विनियमों का पालन करना चाहिए ।
  • लागत : उपकरण की लागत इसके चयन में एक स्‍पष्‍ट घटक है ।

माल के संचालन में सर्वोत्‍तम प्रक्रियाएं एवं केस स्‍टडी

  • माल संचालन उपकरण : आपूर्ति चेन में उत्‍पादकता संभावना का पता लगाना
  • गोदाम प्रबंधन प्रणाली की योजना बनाने, चयन व कार्यान्‍वयन पर केस स्‍टडी
  • समेकन ड्राइव माल संचालन ऑटोमेशन : वेंचुरा फूड केस स्‍टडी 
  • मैकडोनाल्‍ड फूड चेन पर केस स्‍टडी : लॉजिस्टिक प्रबंधन 

नोट : उक्‍त दस्‍तावेज इस वेबपेज पर डाउनलोड के अंतर्गत उपलब्‍ध हैं ।