भवन प्रबंधन प्रणाली

Building Management System

 

भवन प्रबंधन प्रणाली (बीएमएस) क्या है?


भवन प्रबंधन प्रणाली (बीएमएस) एक कंप्यूटर आधारित केंद्रीय नियंत्रण प्रणाली है जिसे यांत्रिक और बिजली के उपकरण दोनों पर नियंत्रण तथा निगरानी के लिए भवनों में स्थापित किया जाता है. भवन प्रबंधन प्रणाली एयर कंडीशनिंग, वेंटिलेशन, बिजली प्रणालियों और प्रकाश व्यवस्था  के साथ-साथ सुरक्षा और अग्निशमन प्रणाली जैसी सुविधाओं के प्रबंधन में भी सक्षम होती है. किसी भवन प्रबंधन प्रणाली के तीन बुनियादी कार्य होते हैं: नियंत्रण, इष्टतम उपयोग और निगरानी.

भवन प्रबंधन प्रणाली के उदाहरण, भवन में तापमान और आर्द्रता नियंत्रण, बिजली के मानकों जैसे वोल्टेज की माप और निगरानी, ​​ विभिन्न जल पंपों की निगरानी और नियंत्रण , बाहर के प्रकाश के स्तर  के आधार पर संयोजित प्रकाश की स्विच को चालू /बंद करना आदि रूपों में देखे जा सकते हैं.
 
• बीएमएस समाधान सुनिश्चित करता है कि गति सेंसर का उपयोग करते हुए सम्मेलन और बैठक कक्षों, केबिनों, सर्वर कमरों  और पैसेजों के उपयोग में होने/खाली होने के आधार पर प्रकाश व्यवस्था को स्वचालित रूप से चालू /बंद किया जाए. इसके अलावा, बिजली की प्रकाश व्यवस्था को दिन के उजाले की उपलब्धता के साथ मंद होने के लिए बनाया जा सकता है इससे प्रकाश ऊर्जा की खपत में 75% तक की बचत की जा सकती है.


• बीएमएस समाधान वातानुकूलन प्रणाली के तापमान, पंखे की गति, मोड आदि को उस स्थान के अधिभोग के आधार पर नियंत्रित करते हुए बिजली का इष्टतम उपयोग सुनिश्चित करता है.. यदि बाहरी दरवाजे को लंबे समय के लिए खुला छोड़ दिया गया हो जिससे वातानुकूलन प्रणाली दक्षता में कमी आ रही हो तो यह अलार्म बजा सकता है. दक्षता में सुधार करने के लिए यह तापमान संवेदक इनपुट के आधार पर पर्दों को संचालित भी कर सकता है.


• बीएमएस किसी अप्रत्याशित गतिविधि का पता लगाकर उसके बारे में आपको सचेत कर सकती है. चेतावनियाँ ईमेल, पाठ संदेश (एसएमएस) और फोन कॉल के द्वारा भेजा जाती हैं. यह आपातकालीन स्थितियों में उचित कार्रवाई कर सकती है जैसे आग का पता लगने के मामले में स्प्रिंकलर सिस्टम चलाकर तथा प्रतिबंधित क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधि का पता चलने पर हूटर (भोंपू) बजाकर सुरक्षा एजेंसी को सचेत कर सकती है.

बीएमएस समाधान के अधिकांश उपकरणों में वायरलेस संचार का उपयोग किया जाता है ताकि, शीघ्र और परेशानी मुक्त पहुंच सुनिश्चित की जा सके. 
 


एमएसएमई को बीएमएस की आवश्यकता क्यों है?


पहले बड़े कॉर्पोरेट्स के साथ जुड़ी एकीकृत भवन प्रबंधन प्रणाली अब तेजी से छोटे और मध्यम उद्यमों द्वारा भी अपनाई जा रही है. इसमें एक ही प्रणाली के अंतर्गत हीटिंग, प्रकाश व्यवस्था, लिफ्टों, वातानुकूलन, बिजली वितरण, सुरक्षा और आग का पता लगानेवाले उपायों जैसे विभिन्न घटकों के प्रबंधन को एकीकृत किया जाता है.

भवन प्रबंधन प्रणाली (बीएमएस) ऊर्जा और रखरखाव की लागत को बचाने के लिए है. हाल के वर्षों तक, ऊर्जा दक्षता भवन मालिकों के लिए अपेक्षाकृत कम प्राथमिकता का विषय रही है. हालांकि अब, ऊर्जा की बचत और लागत प्रभावी प्रौद्योगिकी में प्रगति के बारे में जागरूकता में बढ़्ने के साथ, ऊर्जा दक्षता तेजी से अचल संपत्ति प्रबंधन, सुविधाओं के प्रबंधन और संचालन रणनीति का हिस्सा बनती जा रही है.

बीएमएस किसी संगठन में ऊर्जा का इष्टतम उपयोग करते हुए ऊर्जा खर्च में कटौती कर सकती हैं. प्रकाश व्यवस्था के लिए, मूल सर्किट लोड के 75% तक ऊर्जा की बचत की जा सकती है., जो  आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों की कुल ऊर्जा खपत का 5% हिस्सा है. पानी गर्म करने , ठंडा या गर्म पानी उत्पादन से 10% तक ऊर्जा की बचत की जा सकती है., जो  आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों की कुल ऊर्जा खपत का 7% का हिस्सा है.  इस प्रकार, बीएमएस समाधान किसी संगठन के ऊर्जा खर्च को 15 से 20% कम कर सकते हैं.

बीएमएस प्रदाता: हनीवेल, सीमेंस, एबीबी तथा दक्षिण पूर्व एशिया की कई कंपनियों के अलावा, भारतीय कंपनियों/ बहुराष्ट्रीय कंपनियों जैसे एल एंड टी जैसी बड़ी कंपनियां बीएमएस के कारोबार में हैं. हालांकि,  एसएमई अपने भवनों में बीएमएस लागू करने के लिए स्थानीय बिजली के ठेकेदारों और सिस्टम एकीकर्ताओं से भी संपर्क कर सकते हैं जो ऐसे उद्यमों के लिए कम लागत पर उनकी जरूरत के अनुसार कुशल समाधान प्रदान करते हैं


 
बीएमएस को लागू करने के लिए क्या कोई प्रोत्साहन मिलता है?


दुनिया भर में सरकारों की पहल पर भवन प्रबंधन प्रणाली से जुड़ी प्रौद्योगिकियों का विकास और अंगीकरण किया जा रहा है. भारत में भी, संगठन के परिसर में बीएमएस के कार्यान्वयन को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाएं हैं. ऊर्जा क्षमता ब्यूरो (दि ब्यूरो ऑफ एनर्जी) (बीईई) की ऊर्जा संरक्षण बिल्डिंग कोड (एनर्जी कंजर्वेशन बिल्डिंग कोड) या स्टार रेटिंग प्रोग्राम भारत में इमारतों में ऊर्जा दक्षता को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण योजना है.

ऊर्जा संरक्षण बिल्डिंग कोड (स्टार रेटिंग प्रोग्राम)

बीईई ने बीपीओ, कार्यालय भवनों, स्कूलों, स्वास्थ्य सुविधाओं और होटल आदि के वाणिज्यिक भवनों को 'स्टार रेटिंग'  प्रदान से संबंधित विभिन्न योजनाएं शुरू की हैं. स्टार रेटिंग कार्यक्रम में एक से पांच के पैमाने पर भवनों में ऊर्जा दक्षता के प्रदर्शन की गणना करते हुए उन्हें ऊर्जा कुशल होने की रेटिंग दी जाएगी जिसमें पांच सितारा लेबलवाली इमारतों को सबसे अधिक ऊर्जा कुशल माना जाएगा.


बीपीओ इमारतों और दफ्तरों की इमारतों के लिए 'स्टार रेटिंग' योजनाओं और इसके पात्रता मानदंडों की लिंक के साथ एक तालिका के लिए यहाँ क्लिक करें.

भवनों में ’ऊर्जा का उपयोग कुशल बनानेवाले उपकरणों और प्रोग्राम्स’ के बारे में अधिक जानकारी के लिए, यहाँ क्लिक करें.
 

सन्दर्भ:
• एफटेक इंडिया

• आर्टिकलस्नैच.कॉम
• टेलीकम्युनिकेशंस कंसल्टेंट्स इंडिया लिमिटेड
• बिजनेसबाल्स.कॉम
• एबस्ल्यूट सेक्युरिटी, ब्रिटेन